जयपुर में बहुमंजिला इमारतों (High-rise buildings) के लिए पानी का कनेक्शन लेने के नियम सामान्य घरेलू कनेक्शन से काफी अलग हैं। राज्य सरकार ने 2023 में इसके लिए एक नई जल कनेक्शन नीति लागू की है, ताकि फ्लैट्स में रहने वाले लाखों लोगों को बीसलपुर का पानी मिल सके। अगर आपके भवन की ऊँँचाई 15 मीटर या इससे कम है तो यहां क्लिक कीजिए।
15 मीटर से ऊँँची सभी तरह के भवनों में पानी कनेक्शन आवेदन के नियम और प्रक्रिया जानने के लिए आगे पढिये:
1. मुख्य नियम (Key Rules)
एक ही बल्क कनेक्शन (Bulk Connection): बहुमंजिला इमारतों (15 मीटर से अधिक ऊँची) में प्रत्येक फ्लैट के लिए अलग-अलग कनेक्शन नहीं दिया जाता। पूरी बिल्डिंग के लिए केवल एक ‘डोमेस्टिक बल्क कनेक्शन’ जारी किया जाता है।
आवेदन कौन करेगा: इसके लिए आवेदन व्यक्तिगत फ्लैट मालिक नहीं, बल्कि रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (RWA) या बिल्डर/डेवलपर को करना होगा।
पानी की आपूर्ति की सीमा: PHED केवल ग्राउंड फ्लोर पर बने मुख्य जलाशय (Underground Tank) तक पानी की लाइन पहुँचाएगा। वहां से अलग-अलग फ्लैट्स तक पानी पहुँचाने की जिम्मेदारी RWA या डेवलपर की होगी।
2. शुल्क संरचना (Fee Structure)
सरकार ने इसके लिए ‘वन टाइम चार्ज’ (One-Time Fee) तय किया है:
आवासीय (Residential): ₹25 प्रति वर्ग फुट (कुल कारपेट एरिया पर)।
वाणिज्यिक (Commercial): ₹42 प्रति वर्ग फुट।
किस्त की सुविधा: आप कुल शुल्क का 25% हिस्सा तुरंत जमा करा सकते हैं। शेष 75% राशि को अगले 5 सालों (60 किस्तों) में पानी के बिल के साथ चुकाने का विकल्प मिलता है (9% साधारण ब्याज के साथ)।
डिस्काउंट: यदि आप पूरा शुल्क एक साथ जमा करते हैं, तो 5% की छूट दी जाती है।
3. आवेदन के लिए आवश्यक दस्तावेज
अनुमोदित मानचित्र (Approved Map): सक्षम प्राधिकारी (JDA/Nagar Nigam) से स्वीकृत बिल्डिंग प्लान, जिसमें हर यूनिट का कारपेट एरिया स्पष्ट हो।
RWA पंजीकरण: यदि सोसाइटी बन चुकी है, तो उसका पंजीकरण प्रमाण पत्र।
NOC: यदि बिल्डर आवेदन कर रहा है, तो जरूरी अनापत्ति प्रमाण पत्र।
4. आवेदन की प्रक्रिया (Process)
कार्यालय: इसके लिए आवेदन संबंधित क्षेत्र के अधीक्षण अभियंता (Superintending Engineer – SE) कार्यालय में भौतिक रूप से या PHED Portal के माध्यम से ऑनलाइन किया जा सकता है।
मांग की गणना: विभाग आपकी बिल्डिंग के कुल कारपेट एरिया और फ्लैट्स की संख्या के आधार पर पानी की खपत की गणना करेगा (जैसे: 1500 वर्ग फीट तक के फ्लैट में 5 व्यक्ति मानकर)।
तकनीकी जांच (Feasibility): इंजीनियर यह जांच करेंगे कि नजदीकी मेन पाइपलाइन से आपकी बिल्डिंग को पानी देना संभव है या नहीं।
डिमांड नोट: जांच के बाद विभाग डिमांड नोट जारी करेगा, जिसका भुगतान करने के बाद पाइपलाइन बिछाने का काम शुरू होगा।